DOS

File & directory structure

 

हम अपने दैनिक जीवन में कार्यालयों में दस्तावेजो को रखने के तरीके पर विचार करे तो हम देखते है की अलग अलग दस्तावेजो, आवेदन आदि को हम सम्बंधित फाईलो में संलग्न करके रखते है, और इन फाइल्स को अलमारी में विषयवार अलग अलग खानों में रखते है ताकि इन्हें खोजने में हमे आसानी रहे इसी प्रकार कंप्यूटर की हार्ड डिस्क भी अलमारी का सामान है जिसमे सभी दस्तावेज सुरक्षित रखे जाते है इसी प्रकार जब हम कोई दस्तावेज हार्ड डिस्क में रखते है तो उसको सेव करते है |और उसको एक नाम देते है |इसी प्रकार सेव किया गया दस्तावेज फाइल कहलाता है सेव किये गए इन दस्तावेजो को विषयवार अलग अलग समूहों में divide किया जा सकता है | ये समूह डायरेक्टरी कहलाती है और हम डायरेक्ट्री में विभिन्न प्रकार की फाइल्स का समावेश कर सकते है –

फाइल्स के नाम (Naming file):- कंप्यूटर में प्रत्येक फाइल का एक नाम होता है, इस नाम के दो भाग होते है –

  • प्राथमिक नाम (Primary Name)
  • विस्तारक नाम (Extension Name)