इन्टरनेट एंड वेब पेज डिजाइनिंग

www की कार्यप्रणाली

www की कार्यप्रणाली :-

  • HTML (Hypertext markup language) एक language है | HTML hypertext link प्रदान करता है, जो किसी यूजर को वेबसाइट से जुड़े हुए वेब पेज को एक्सेस करने में मदद करता है |
  • www, client server model पर Based होता है, जिसमे क्लाइंट साईट पर remote machine पर क्लाइंट साफ्टवेयर (वेब ब्राउसर) कार्य करता है| सर्वर साईट पर सर्वर सॉफ्टवेयर कार्य करता है |
  • client के द्वारा वेब ब्राउज़र के एड्रेस बार में url एड्रेस टाइप किया जाता है |

URL किसी भी फाइल का एड्रेस होता है, जिसके तीन भाग होते है :-

  1. Protocol
  2. Domain name
  3. Path
  • वेब browser में दिए हुए एड्रेस के आधार पर वेब browser दिए गए url के सर्वर से संपर्क करता है तथा उसे url के अनुसार साईट प्रदान करने का आग्रह करता है |
  • सर्वर के द्वारा url को IP address में परिवर्तित कर दिया जाता है, इससे client कंप्यूटर एक निश्चित सर्वर से जुड जाता है |
  • जब एक बार साईट प्रदर्शित होती है, तो उसमे सामान्य टेक्स्ट के अतिरिक्त के हायपर टेक्स्ट भी होते है जिस को इंगित करने पर उससे सम्बंधित URL प्रदर्शित होता है,जब यूजर उस लिंक को क्लिक करता है तब फिर वेब browser उस url पर उपस्थित पेज को प्रदर्शित करने का आग्रह सर्वर से करता है तथा सर्वर उस पेज को प्रदर्शित करता है जो browser उसे यूजर के लिए प्रदर्शित करता है |
  • इस प्रकार वेब browser कार्य करता है |